ग़ज़ल लिखना सीखे
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग 18 आज हम ग़ज़ल लिखना भाग 18 से शुरू करेंगे। जैसा कि आप सभी को पता […]
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग 18 आज हम ग़ज़ल लिखना भाग 18 से शुरू करेंगे। जैसा कि आप सभी को पता […]
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग-17 पिछले भाग से ही हम ग़ज़ल के दोष पे चर्चा कर रहे हैं। तो जिन्होंने इससे
ग़ज़ल के दोष जैसा कि आप सभी को पता है कि हम लगभग तीन एपिसोड से ग़ज़ल की तक़्तीअ कर
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग -15 मुरक्कब मुज़ाहिफ़ बह्रें। मुरक्कब मुज़ाहिफ़ बह्रें, मुरक्कब सालिम बह्र के ही उप बह्रे हैं।दरअसल मुरक्कब
जैसा कि आप सभी को पता है, ग़ज़ल लिखना सीखे भाग- 13 में हम ग़ज़ल की तक़्तीअ के बारे में
तक़्तीअ ऊपर लिखा गया शब्द से आपको लगा होगा यह ग़ज़ल की तक़्तीअ के बारे में हैं तो ऐसा बिलकुल
मात्रिक बह्र क्या है? दोस्तों हम पिछले ऐपिसोड ग़ज़ल लिखना सीखे भाग-11 से ही मात्रिक बह्र को समझ रहे हैं।जैसा
वाव-ए-अत्फ़ क्या है? दोस्तों यह भी इज़ाफ़त की तरह ही शब्दों को जोड़ने का एक नियम है। मैं आप सभी
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग-10 दोस्तों पिछले एपिसोड में हम इज़ाफ़त के बारे में समझ रहे थे,जिन्होंने पिछला एपिसोड ग़ज़ल लिखना
ग़ज़ल लिखना सीखे भाग-9 ग़ज़ल में शब्दों को संयुक्त करने का नियम।ग़ज़ल लिखनेवालों के लिए यह जानना बेहद जरूरी हैएक